पिलानी: महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती पर सैनी समाज द्वारा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शिक्षा, समानता और सामाजिक सुधार के संदेश को प्रमुखता से रखा गया और नई पीढ़ी को प्रेरित किया गया।
पिलानी में सैनी समाज सेवार्थ संस्था के तत्वावधान में महात्मा ज्योतिबा राव फुले की 200वीं जयंती बड़े उत्साह और गरिमा के साथ मनाई गई। कार्यक्रम की शुरुआत महात्मा फुले के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन कर की गई, जिसके साथ ही पूरे आयोजन का विधिवत शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर समाज के गणमान्य लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और कार्यक्रम को सफल बनाने में अपनी भागीदारी निभाई।

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने महात्मा ज्योतिबा राव फुले के जीवन संघर्ष, उनके आदर्शों और समाज सुधार में उनके ऐतिहासिक योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला।

महात्मा फुले द्वारा महिलाओं की शिक्षा को लेकर किए गए प्रयासों को विशेष रूप से रेखांकित किया गया। वक्ताओं ने कहा कि आज के दौर में भी उनके विचार प्रासंगिक हैं और समाज को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा सबसे महत्वपूर्ण साधन है।

कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को बताया गया कि किस तरह महात्मा फुले ने जाति प्रथा, भेदभाव और अन्य सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ आवाज उठाई। उनके संघर्षों को याद करते हुए सभी को उनके बताए मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी गई।

इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य समाज में जागरूकता फैलाना और युवा पीढ़ी को महान समाज सुधारकों के विचारों से जोड़ना रहा। कार्यक्रम के माध्यम से शिक्षा, समानता और सामाजिक एकता के महत्व को रेखांकित किया गया।

कार्यक्रम में फूल सिंह सैनी, राधेश्याम सैनी, निशांत पापटान, महावीर प्रसाद, सज्जन कटारिया, संजय कटारिया, मथुरा प्रसाद सैनी, महेंद्र सैनी, नोरंग लाल सैनी, विनीत सैनी और दिनेश सैनी सहित समाज के कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। सभी ने इस आयोजन को प्रेरणादायक बताते हुए इसे समाज के लिए एक सकारात्मक पहल बताया।




