जयपुर: राजस्थान सरकार ने बेटियों के भविष्य को सुरक्षित और सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। लाडो प्रोत्साहन योजना के तहत अब बेटी के जन्म पर मिलने वाली आर्थिक सहायता को बढ़ाकर 1.5 लाख रुपए कर दिया गया है। पहले यह राशि 1 लाख रुपए थी। इस योजना का उद्देश्य बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, महिला सशक्तिकरण, और बालिका शिक्षा प्रोत्साहन को मजबूत करना है। सरकार द्वारा जारी नई गाइडलाइन के बाद जल्द ही पात्र बेटियों को इस योजना का लाभ मिलना शुरू होगा।
लाडो प्रोत्साहन योजना क्या है?
लाडो प्रोत्साहन योजना को पहले राजश्री योजना के नाम से जाना जाता था। दिसंबर में इसका नाम बदलकर नया रूप दिया गया और सहायता राशि को 50 हजार रुपए से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपए कर दिया गया। यह योजना बेटी के जन्म से लेकर 21 साल की उम्र तक चरणबद्ध तरीके से आर्थिक सहायता प्रदान करती है, ताकि उसकी शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता सुनिश्चित की जा सके।
योजना के तहत कितनी राशि और कैसे मिलेगी?
इस योजना के अंतर्गत कुल 1.5 लाख रुपए की राशि 7 किस्तों में दी जाएगी। यह भुगतान डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर होगा।
शुरुआती 6 किस्तें माता-पिता या अभिभावक के बैंक खाते में भेजी जाएंगी, जबकि 7वीं और अंतिम किस्त सीधे बेटी के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाएगी, जिससे वह आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सके।
1,50,000 रुपए कुल 7 चरणों में प्रदान किए जाएंगे।
1) 2500 रुपए जन्म पर
2) 2500 रुपए एक साल की उम्र और टीकाकरण पूरा होने पर।
3) 4000 रुपए कक्षा 1 में प्रवेश पर।
4) 5000 रुपए छठीं कक्षा में प्रवेश पर।
5) 11000 रुपए 10वीं में प्रवेश पर।
6) 25000 रुपए 12वीं में प्रवेश पर।
7) 100000 रुपए स्नातक पूरा करने और 21 वर्ष की उम्र पर
कौन बेटियां होंगी योजना के लिए पात्र?
लाडो प्रोत्साहन योजना का लाभ सभी जाति और धर्म की बेटियों को मिलेगा। इसमें आय सीमा की कोई शर्त नहीं रखी गई है। राजस्थान में जन्म लेने वाली हर बेटी इस योजना के लिए पात्र होगी, बशर्ते वह राजस्थान की मूल निवासी हो।
इसके अलावा बच्ची का जन्म सरकारी चिकित्सा संस्थान या जननी सुरक्षा योजना से मान्यता प्राप्त प्राइवेट हॉस्पिटल में होना आवश्यक है।
आवेदन प्रक्रिया: बिना आवेदन कैसे मिलेगा लाभ?
इस योजना के लिए अलग से आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। सरकारी अस्पताल या अधिस्वीकृत प्राइवेट हॉस्पिटल में जन्म लेने वाली बच्चियों का डेटा स्वतः संबंधित विभागों के पोर्टल पर अपलोड हो जाएगा।
इस प्रक्रिया से लाभार्थियों को सीधे योजना का लाभ मिलेगा और किसी अतिरिक्त दस्तावेजी झंझट का सामना नहीं करना पड़ेगा।
गर्भवती महिलाओं के लिए जरूरी प्रक्रिया और दस्तावेज
लाडो प्रोत्साहन योजना के तहत गर्भवती महिलाओं का विवरण चिकित्सा विभाग के पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा। एएनसी जांच के दौरान कुछ आवश्यक दस्तावेजों की जरूरत होगी, जिनमें राजस्थान की मूल निवासी प्रमाण-पत्र, विवाह पंजीयन प्रमाण-पत्र, और बैंक खाते का विवरण शामिल है।
इन सभी दस्तावेजों का सत्यापन चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा किया जाएगा।
पहले से राजश्री योजना में पंजीकृत महिलाएं भी इस योजना के अंतर्गत पात्र रहेंगी और उन्हें नए सिरे से पंजीकरण कराने की आवश्यकता नहीं होगी।
बेटी के उज्ज्वल भविष्य की ओर बड़ा कदम
लाडो प्रोत्साहन योजना राजस्थान सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जो बालिका शिक्षा, लैंगिक समानता, महिला सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा और आर्थिक सहयोग को मजबूती देती है। यह योजना बेटियों को जन्म से लेकर 21 साल तक आर्थिक सुरक्षा प्रदान कर उनके भविष्य को मजबूत आधार देती है।





