भारत की एयरस्ट्राइक में मसूद अजहर के परिवार के 10 सदस्य मारे गए, ‘मैं भी मर जाता तो अच्छा था…’

पाकिस्तान: भारत द्वारा 6-7 मई की मध्य रात्रि में पाकिस्तान और पीओके में किए गए लक्षित एयरस्ट्राइक ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने आतंक के गढ़ को झकझोर कर रख दिया है। इस सटीक और नपे-तुले हमले में जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर के परिवार के 10 सदस्य और चार करीबी सहयोगी मारे गए हैं। खुद मसूद अजहर ने अपने बयान में इसकी पुष्टि की है और अपने परिजनों की मौत पर गहरा शोक जताया है।

Advertisement's
Advertisement’s

जैश प्रमुख मसूद अजहर ने मानी परिजनों की मौत

जैश-ए-मोहम्मद द्वारा जारी बयान में कहा गया है,

“मौलाना मसूद अजहर की बड़ी बहन, मौलाना कशफ का पूरा परिवार मारा गया है। मुफ्ती अब्दुल रऊफ के पोते-पोतियां और बाजी सादिया के पति समेत सबसे बड़ी बेटी के चार बच्चे घायल हुए हैं।”

मसूद अजहर ने दुख व्यक्त करते हुए कहा,

“अच्छा होता कि इस हमले में मैं भी मारा जाता।”

बयान के अनुसार, मारे गए सभी लोगों को आज दोपहर पाकिस्तान के बहावलपुर में दफनाया जाएगा।

ऑपरेशन सिंदूर: 25 मिनट में आतंक के 9 ठिकाने तबाह

भारतीय सेना की इस कार्रवाई को 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए वीभत्स आतंकी हमले के प्रतिशोध के रूप में अंजाम दिया गया। उस हमले में कई निर्दोष नागरिकों की जान गई थी।

कर्नल सोफ़िया कुरैशी ने जानकारी दी कि,

“ऑपरेशन सिंदूर रात 1:05 बजे शुरू होकर 1:30 बजे तक चला। यह पूरी तरह से केंद्रित, गैर-उत्तेजक और नागरिक क्षति से मुक्त मिशन था।”

इस हमले में जिन 9 आतंकवादी शिविरों को निशाना बनाया गया, उनमें जैश-ए-मोहम्मद का गढ़ बहावलपुर (पंजाब, पाकिस्तान) विशेष रूप से शामिल है। इन ठिकानों पर सटीक मिसाइलें दागी गईं, जिससे आतंकी ढांचा पूरी तरह ध्वस्त हो गया।

Advertisement's
Advertisement’s

विदेश सचिव विक्रम मिस्री: “भारत की कार्रवाई रक्षात्मक, संयमित और न्यायोचित”

विदेश मंत्रालय की ओर से आयोजित प्रेस ब्रीफिंग में विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा:

“भारत की यह कार्रवाई नपी-तुली, सीमित और जिम्मेदार रही है। यह किसी युद्ध को बढ़ावा देने के लिए नहीं, बल्कि आतंकवाद को जवाब देने के लिए थी।”

रक्षा मंत्रालय का बयान

रक्षा मंत्रालय ने अपने बयान में स्पष्ट किया:

“ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पीओके के उन क्षेत्रों को निशाना बनाया गया जहां से भारत पर हमलों की साजिश रची जाती थी। नौ स्थानों पर केंद्रित हमले किए गए, जिससे आतंकी आधारभूत ढांचे को गहरा नुकसान पहुंचा है।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!