देश को दहलाने की दोहरी आतंकी साजिश का पर्दाफाश — फरीदाबाद से 300 किलो RDX और गुजरात में ‘जहर’ से हमला करने की योजना विफल

नई दिल्ली: देश की सुरक्षा एजेंसियों ने आतंकी संगठनों की दो बड़ी साजिशों को नाकाम कर दिया है। जम्मू-कश्मीर पुलिस ने फरीदाबाद में 300 किलो आरडीएक्स, एके-47 और भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए हैं, जबकि गुजरात एटीएस ने रासायनिक जहर से हमला करने की साजिश रच रहे तीन संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक डॉक्टर भी शामिल है। दोनों मामलों में देश के खिलाफ गहरी आतंकी साजिश की आशंका जताई जा रही है।

फरीदाबाद में डॉक्टर के घर से 300 किलो RDX, एके-47 और कारतूस बरामद

सूत्रों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर पुलिस ने हाल ही में फरीदाबाद जिले में छापेमारी की थी। इस दौरान पुलिस ने कश्मीरी मूल के डॉक्टर मुजाहिल शकील को हिरासत में लिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने 300 किलो आरडीएक्स, एके-47 राइफल, 84 कारतूस और 5 लीटर रासायनिक पदार्थ बरामद किए।

छापेमारी के दौरान पुलिस ने 14 बैग जब्त किए जो विस्फोटक सामग्री से भरे हुए थे। बताया जा रहा है कि डॉक्टर ने यह कमरा तीन महीने पहले किराये पर लिया था और मकान मालिक को बताया था कि वह इसे केवल सामान रखने के लिए इस्तेमाल करेगा।

खुफिया एजेंसियां सतर्क — जम्मू-कश्मीर पुलिस और IB की संयुक्त कार्रवाई

खुफिया ब्यूरो (IB) और जम्मू-कश्मीर पुलिस की संयुक्त टीम ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, रविवार सुबह करीब 10 से अधिक गाड़ियां फरीदाबाद के एक कमरे के बाहर पहुंचीं और तलाशी अभियान शुरू किया।

हालांकि, फरीदाबाद पुलिस और स्थानीय डीसीपी एनआईटी मकसूद अहमद ने अभी तक किसी गिरफ्तारी या हथियार बरामदगी की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। मामले की जांच राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियां भी कर रही हैं और सोमवार को बड़ा खुलासा संभव है।

सहारनपुर से श्रीनगर तक फैल रहा आतंकी नेटवर्क — डॉक्टर आदिल गिरफ्तार

इसी बीच, जैश-ए-मोहम्मद के समर्थन में डॉ. आदिल नामक एक अन्य डॉक्टर को श्रीनगर पुलिस ने सहारनपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपी अनंतनाग का रहने वाला है और कुछ समय से सहारनपुर में एक निजी अस्पताल में कार्यरत था।

श्रीनगर पुलिस ने उसकी निशानदेही पर अनंतनाग स्थित उसके घर से एके-47 राइफल बरामद की। बताया जा रहा है कि एटीएस और खुफिया विभाग सहारनपुर से श्रीनगर तक उसके संपर्कों की जांच में जुटे हैं।

गुजरात में रासायनिक जहर से हमला करने की साजिश नाकाम

दूसरी बड़ी कार्रवाई में गुजरात एटीएस ने अहमदाबाद से एक डॉक्टर समेत तीन संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया है। इनमें तेलंगाना निवासी डॉक्टर अहमद मोहीउद्दीन सैयद, उत्तर प्रदेश के आज़ाद सुलेमान शेख और सुहैल शामिल हैं।

एटीएस के डीआईजी सुनील जोशी ने बताया कि आरोपियों के पास से तीन विदेशी पिस्तौल, 30 कारतूस और चार लीटर कैस्टर ऑयल बरामद किया गया। इसका इस्तेमाल ‘रिकिन’ (Ricin) नामक घातक जैविक जहर बनाने में होता है।

रिकिन’ — एक ऐसा घातक जहर जो शरीर के अंगों को निष्क्रिय कर देता है

विशेषज्ञों के अनुसार, रिकिन शरीर में प्रवेश करने पर कोशिकाओं में प्रोटीन निर्माण की प्रक्रिया को रोक देता है, जिससे धीरे-धीरे अंग काम करना बंद कर देते हैं। इसे जैविक आतंक (Biochemical Terrorism) के रूप में वर्गीकृत किया गया है।

गुजरात एटीएस का दावा है कि आरोपी इस जहर का उपयोग बड़े पैमाने पर आतंकी हमले के लिए करने की योजना बना रहे थे।

एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई से टला बड़ा आतंकी हमला

दोनों मामलों में एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई से देश में संभावित विस्फोटक और रासायनिक आतंकी हमलों को रोका जा सका है। जम्मू-कश्मीर पुलिस, गुजरात एटीएस और खुफिया विभाग अब दोनों नेटवर्क के बीच किसी संभावित कनेक्शन या फंडिंग लिंक की जांच कर रहे हैं।

एजेंसियों की मुस्तैदी से देश सुरक्षित रहा

इन दोनों घटनाओं ने एक बार फिर साबित किया कि आतंकी संगठन लगातार भारत को निशाना बनाने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन सुरक्षा एजेंसियों की तेज कार्रवाई और खुफिया नेटवर्क की सक्रियता के कारण बड़ी वारदातें टल गईं। अब सवाल यह है कि ऐसे आतंकी नेटवर्कों की जड़ें कहां तक फैली हैं और इनके विदेशी संबंध कितने गहरे हैं — इसकी जांच जारी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!