कोरोना वाइरस: अमेरिका में बीते तीन महीनों में कोविड-19 के एक नए वेरिएंट BA.2.86 के फैलने की जानकारी मिली है. जानकारों का मानना है कि इसके गंभीर परिणाम नहीं हैं. अमेरिकी रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र (सीडीसी) के मुताबिक, BA.2.86 ओमीक्रॉन BA.2 का सब-वेरिएंट है. फिलहाल अमेरिका में इस वेरिएंट के 10 फीसदी मामले हैं.

हालांकि इस वेरिएंट के मामले बढ़ते हुए पाए गए हैं. दो सप्ताह पहले BA.2.86 वेरिएंट के सिर्फ 3 फीसदी मामले ही अमेरिका में देख गए थे.

‘दूसरे वेरिएंट्स की ले रहा जगह’

सीडीसी के मुताबिक, BA.2.86 वेरिएंट के बढ़ते मामलों का ये मतलब नहीं है कि कोविड के मामले बढ़ रहे हैं या फिर ये वेरिएंट पहले के वेरिएंट से खतरनाक है. सीडीसी ने कहा, “ऐसा लगता है कि BA.2.86 कोविड के मामलों को बढ़ा नहीं रहा बल्कि बाकी के दूसरे वेरिएंट्स की जगह ले रहा है.”

सीडीसी ने BA.2.86 को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की ओर से हाल ही में दी गई रिपोर्ट पर सहमति जताई है. डब्ल्यूएचओ ने BA.2.86 को किसी दूसरे वेरिएंट की तुलना में कम जोखिम पैदा करने वाला वेरिएंट बताया है. संगठन ने कहा है कि ये वेरिएंट व्यापक नुकसान नहीं कर सकते हैं इसलिए इनसे कोई खतरा नहीं है.

BA.2.86 वेरिएंट से कितना नुकसान?

अमेरिका में पिछले कुछ समय में कोविड रोगियों की संख्या बढ़ी है. 18 नवंबर को सीडीसी की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक उस सप्ताह 18,119 कोविड रोगियों को अस्पताल में भर्ती कराया गया. इस सप्ताह कोविड से  506 मौतें भी हुई. इसके अलावा ओहियो काउंटी और मैसाचुसेट्स में बच्चों में निमोनिया के मामलों में बढ़ोतरी देखी गई है. गौरतलब है कि चीन में भी बीते हफ्ते से बच्चों के निमोनिया के मामले तेजी से बढ़े हैं.

स्त्रोत – ABP Live न्यूज़

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