सूरजगढ़: झुंझुनूं जिले के महपालवास गांव के एक साधारण किसान परिवार से निकलकर राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाने वाले सुरेन्द्र भाटिया का सूरजगढ़ में भव्य नागरिक अभिनंदन किया गया। भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष पद पर लगातार दूसरी बार जिम्मेदारी मिलने के बाद क्षेत्रभर में उनके समर्थकों में उत्साह का माहौल है और विभिन्न स्थानों पर उनका सम्मान किया जा रहा है।

पूर्व विधायक सुभाष पुनिया के नेतृत्व में जुटे सैकड़ों कार्यकर्ता
सूरजगढ़ में पूर्व विधायक सुभाष पुनिया के निवास पर आयोजित सम्मान समारोह में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि और आमजन एकत्रित हुए। कार्यक्रम के दौरान सुरेन्द्र भाटिया का माला पहनाकर, साफा बांधकर तथा मिठाई खिलाकर स्वागत किया गया। समारोह में उपस्थित लोगों ने उनके संगठनात्मक कार्यों और राजनीतिक सक्रियता की सराहना की।

भावुक हुए भाटिया, बोले— अपनों का साथ और बुजुर्गों का आशीर्वाद सबसे बड़ी ताकत
सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए सुरेन्द्र भाटिया ने कहा कि उन्हें जो सम्मान और जिम्मेदारी मिली है, वह कार्यकर्ताओं, समर्थकों और बुजुर्गों के आशीर्वाद का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यदि सभी का सहयोग और समर्थन मिलता रहा तो सूरजगढ़ क्षेत्र में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी।

भ्रष्टाचार के खिलाफ दिया सख्त संदेश
अपने संबोधन में भाटिया ने भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भी तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आम नागरिक अपने वैध कार्यों के लिए किसी कर्मचारी या अधिकारी से डरें नहीं। यदि किसी सरकारी कार्यालय में किसी भी कार्य के बदले रिश्वत मांगी जाती है तो उसकी सूचना तुरंत भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) को दी जानी चाहिए।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सूरजगढ़ क्षेत्र के किसी भी सरकारी कार्यालय में बैठकर रिश्वतखोरी करने वाले कर्मचारी या अधिकारी को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।

जनसमर्थन से गदगद दिखे कार्यकर्ता
कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। उपस्थित लोगों ने सुरेन्द्र भाटिया को दूसरी बार जिलाध्यक्ष बनाए जाने पर भाजपा नेतृत्व का आभार व्यक्त किया और संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प दोहराया।

ये रहे मौजूद
सम्मान समारोह में प्रधान बलवान, समाजसेवी सज्जन अग्रवाल, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष रतन सिंह तंवर, मंडल अध्यक्ष सुरेश शर्मा, पूर्व मंडल अध्यक्ष संजय गोयल, लाखू मंडल अध्यक्ष प्रमोद डेला, किसान नेता रामोतार धोलिया सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।





