झुन्झुनू: शहर के चुरू बाईपास पर स्थित मन्नत मोटर्स वर्कशॉप में पेट्रोल बम से की गई आगजनी की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। करोड़ों रुपए की सम्पत्ति जलाने के मामले में पुलिस ने साबीर लीलगर और महेंद्र कुम्हार को गिरफ्तार किया है, जबकि दो विधि से संघर्षरत बालकों को निरूद्ध किया गया है। इस हादसे में वर्कशॉप में खड़ी सभी 18 गाड़ियां और महंगी मशीनें जलकर राख हो गई थीं।
30 नवंबर 2025 को आजम नगर निवासी नासिर ने कोतवाली थाना पुलिस में रिपोर्ट दी कि चुरू रोड पर स्थित उसकी मन्नत मोटर्स वर्कशॉप में दर्जनों लोगों का गिरोह घुसा। आरोपियों ने पहले वाहनों के शीशे तोड़े, फिर बोतलों में पेट्रोल भरकर विस्फोट किए जिससे आग फैल गई। देखते-देखते 18 वाहन, टीन शेड, अलाइनमेंट मशीन, जनरेटर और दूसरी संपत्ति जलकर खाक हो गई।
पीड़ित के अनुसार इस हमले का आरोप विनोद कुमावत, अनिल कुमावत, सुनिल कुमावत, निखिल कुमावत, निशांत कुमावत, अनुज कुमावत, विपुल इंदौर निवासी, साथ ही साबीर लीलगर, इमरान सोती, रोशन सोती और रीजवान खान उर्फ राजा सहित 10–12 अन्य लोगों पर है। नुकसान करीब 3 करोड़ रुपए से ज्यादा आंका गया है।
गंभीर वारदात के बाद पुलिस ने झुंझुनू, बगड़, चिड़ावा, पिलानी, सिंघाना, खेतड़ी, गुढ़ा, उदयपुरवाटी, नवलगढ़ और मुकुंदगढ़ में लगातार दबिश दी। 500 से अधिक CCTV फुटेज खंगाले गए। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने मंडावा मोड़ के पास से साबीर लीलगर (19) और महेंद्र कुम्हार (18) को पकड़ लिया, जबकि दो नाबालिग साथियों को भी पकड़ा गया है। दोनों आरोपियों से पूछताछ में अन्य फरार आरोपियों के बारे में सुराग जुटाए जा रहे हैं और गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
कोतवाली थानाधिकारी श्रवण कुमार के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम और एजीटीएफ के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। विशेष रूप से योगेंद्र का मुखबिर सूचना तंत्र उपलब्ध कराने में अहम योगदान बताया गया है।
इस घटना पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की कई गंभीर धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज है, जिनमें हिंसा, आगजनी, संपत्ति नष्ट करने और संगठित अपराध से संबंधित प्रावधान शामिल हैं।




