झुंझुनूं: जिले के चिड़ावा उपशाखा के राजस्थान शिक्षक संघ (सियाराम) ने शिक्षा विभाग द्वारा जारी शिविरा पंचांग सत्र 2026-27 में विद्यालयों की छुट्टियों में की गई कटौती का कड़ा विरोध जताया है। संगठन ने इस फैसले को न केवल अव्यवहारिक बल्कि शिक्षकों के हितों के खिलाफ बताया है।

शिक्षक संघ ने मुख्यमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी डॉ नरेश सोनी को ज्ञापन सौंपकर इस आदेश को तत्काल प्रभाव से वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि अवकाशों में कटौती से शिक्षकों में भारी असंतोष फैल रहा है।

ज्ञापन के अनुसार शिक्षा विभाग ने संस्थापना के दो अधिकृत अवकाशों में से एक अवकाश समाप्त कर दिया है। इसके साथ ही ग्रीष्मकालीन अवकाश में भी 10 दिनों की कटौती कर दी गई है।

शिक्षकों का कहना है कि यह फैसला न तो व्यवहारिक है और न ही न्यायसंगत। इससे कार्य-जीवन संतुलन प्रभावित होगा और मानसिक दबाव बढ़ेगा।
शिक्षक संघ ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते आदेश वापस नहीं लिया गया तो 20 अप्रैल 2026 को जिला मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा

इसके बाद आंदोलन के चौथे चरण में 18 मई 2026 को रामगंजमंडी (कोटा) में शिक्षा मंत्री के विधानसभा क्षेत्र में एक विशाल सांकेतिक रैली आयोजित की जाएगी।
शिक्षक संघ ने बताया कि इससे पहले भी 3 अप्रैल 2026 को पत्र भेजकर इस मुद्दे पर कार्रवाई की मांग की गई थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद अब संगठन ने आंदोलन का रास्ता अपनाने का निर्णय लिया है।
संघ ने मांग की है कि संस्थापना के दोनों अधिकृत अवकाश यथावत रखे जाएं। ग्रीष्मकालीन अवकाश में की गई 10 दिन की कटौती को समाप्त किया जाए। यदि कटौती जारी रखनी है तो शिक्षकों को इसके बदले अर्जित अवकाश दिया जाए।

ज्ञापन देने वालों मुख्य महामंत्री उम्मेद सिंह डूडी, संगठन महामंत्री निरंजन शर्मा, जिला कोषाध्यक्ष सुमेर सिंह कड़वासरा, ब्लॉक अध्यक्ष अमित बराला, कार्यकारी अध्यक्ष महिपाल धायल, कोषाध्यक्ष नरेंद्र झाझडिया, महिपाल नेहरा, कार्यकारिणी सदस्य अभिषेक कटेवा सहित अन्य शिक्षक शामिल रहे।




