झुंझुनूं: भादरा के क्षेत्र में एक रुपये के किराए को लेकर शुरू हुआ विवाद अब बड़ा सामाजिक मुद्दा बन गया है। 16 वर्षीय नाबालिग रजत शर्मा के साथ कथित रूप से हुई बेरहमी से मारपीट के मामले में ब्राह्मण समाज और कई सामाजिक संगठनों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। घटना के विरोध में मुख्यमंत्री राजस्थान के नाम जिला कलेक्टर झुंझुनूं को ज्ञापन सौंपकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई।

ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि रोडवेज बस के कंडक्टर और कुछ असामाजिक तत्वों ने मामूली किराए के विवाद को लेकर नाबालिग बच्चे के साथ अमानवीय व्यवहार किया। कथित मारपीट में रजत शर्मा के चेहरे, आंखों और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद क्षेत्र में लोगों में भारी रोष फैल गया।

समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि सार्वजनिक परिवहन में बच्चों और यात्रियों के साथ इस तरह का हिंसक व्यवहार बेहद शर्मनाक और चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि राजस्थान जैसी संस्कारों और मानवता की भूमि पर ऐसी घटनाएं कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।

ज्ञापन में मांग की गई कि मामले में शामिल सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर उनके खिलाफ संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए। साथ ही घटना में शामिल रोडवेज कंडक्टर को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करने और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई गई।

ब्राह्मण समाज झुंझुनूं ने चेतावनी दी कि यदि मामले में निष्पक्ष और त्वरित कार्रवाई नहीं हुई तो व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा। समाज के लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थानों पर बढ़ती गुंडागर्दी यह दर्शाती है कि अपराधियों में कानून और प्रशासन का भय कम होता जा रहा है।

विप्र सेना प्रमुख एवं प्रदेश उपाध्यक्ष राजस्थान महेश बसावतिया ने कहा कि समाज हर हाल में पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष करेगा। उन्होंने कहा कि एक मासूम बच्चे को एक रुपये के विवाद में लहूलुहान कर देना मानसिक विकृति और अमानवीयता की पराकाष्ठा है। प्रशासन को तत्काल सख्त कार्रवाई करनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

ज्ञापन सौंपने के दौरान पवन कुमार शर्मा देरवाला, शिवचरण पुरोहित, सुरेन्द्र शर्मा प्रिंसिपल, पवन शर्मा टाइपिस्ट, नीरज शर्मा और गोपी राम पुरोहित सहित ब्राह्मण समाज के कई लोग मौजूद रहे। समाज ने बस स्टैंड और सार्वजनिक परिवहन में बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम करने की मांग भी प्रशासन के सामने रखी।




