पिलानी: कस्बे में स्वामी विवेकानंद की जयंती के उपलक्ष्य में युवा पखवाड़ा के तहत ध्वज यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों युवाओं ने भाग लिया। हिंदू क्रांति सेना द्वारा आयोजित इस यात्रा ने पिलानी शहर के मुख्य मार्गों को देशभक्ति और उत्साह से सराबोर कर दिया। कार्यक्रम में शामिल युवाओं ने विवेकानंद के आदर्शों को अपनाने, नशा छोड़ने और गौसेवा करने का संकल्प लेकर संदेश दिया कि युवा शक्ति राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है
ध्वज यात्रा का आगाज हिंदू क्रांति सेना कार्यालय पिलानी से हुआ, जहां स्वामी विवेकानंद के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर श्रद्धा अर्पित की गई। पिलानी के विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए यह यात्रा भगत सिंह सर्किल पहुंची, जहां भगत सिंह की प्रतिमा पर माला अर्पित कर उन्हें नमन किया गया।
ध्वज यात्रा पिलानी कस्बे के प्रमुख मार्गों से निकलते हुए बस स्टैंड पर पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के दौरान वातावरण राष्ट्रप्रेम के नारे, जयघोष और युवा ऊर्जा से गूंजता रहा, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल दिखाई दिया।
कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक और धार्मिक नेताओं ने युवाओं को स्वामी विवेकानंद के जीवन संदेशों से रूबरू कराया। दिल्ली बाबा हरिनाथ आश्रम के महंत दशहरा नाथ ध्वज यात्रा के मुख्य अतिथि रहे। कार्यक्रम मंच पर प्रदेश अध्यक्ष विकास डूमोली ने विवेकानंद के विचारों पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को राष्ट्र की अग्रिम शक्ति बताया। पिलानी खंड संघ चालक राधेश्याम ने बौद्धिक चेतना पर अपने संबोधन से कार्यक्रम में ऊर्जा भरी।
इस दौरान लोकेश डाडा, सुमेर जाखोडिया, रामपाल सिंह डुलानिया और मयंक स्वामी जैसे पदाधिकारियों ने भी युवाओं को प्रेरित किया। पवन कालीरावणा, योगेश वशिष्ठ और हर्षवर्धन सिंह शेखावत ने अपने विचार रखकर यात्रा का माहौल जीवंत बनाए रखा। इसके साथ प्रशांत शर्मा, बुधराम, कुलदीप, वीरेंद्र, यतीश बेरी, संदीप पहलवान और नवीन सिंह राजपुरा की सहभागिता ने आयोजन को और प्रभावशाली बनाया। युवाओं ने एकजुटता से स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को अपनाने का संदेश दिया।

ध्वज यात्रा केवल आयोजन नहीं, बल्कि एक सकारात्मक संदेश लेकर चली। बड़ी संख्या में शामिल युवाओं ने स्वामी विवेकानंद के आचरण को अपने जीवन में उतारने की शपथ ली, साथ ही नशे से दूर रहने और गौसेवा करने जैसे संकल्प लेकर सामाजिक चेतना का परिचय दिया।





