झुंझुनूं: जिले में कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में जिला पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति आईपीएस ने शनिवार को पुलिस थाना सिंघाना और पुलिस थाना चिड़ावा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान थानों की कार्यप्रणाली, रिकॉर्ड संधारण, सुरक्षा व्यवस्था और पुलिसकर्मियों की तैयारियों का गहन मूल्यांकन किया गया। यह निरीक्षण जिले में अपराध नियंत्रण, प्रभावी पुलिसिंग और आमजन के विश्वास को सुदृढ़ करने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
थाना परिसर से रिकॉर्ड तक, हर व्यवस्था की बारीकी से जांच
पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति ने निरीक्षण के दौरान सिंघाना और चिड़ावा थानों के परिसर, कार्यालय अभिलेख, मालखाना, हवालात, सीसीटीएनएस प्रणाली, विभिन्न रजिस्टरों और पुलिसकर्मियों की मूलभूत व्यवस्थाओं का विस्तार से अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई, रिकॉर्ड की अद्यतन स्थिति और तकनीकी संसाधनों के उपयोग पर विशेष ध्यान दिया गया।
लंबित प्रकरणों की समीक्षा कर त्वरित निस्तारण पर जोर
निरीक्षण के दौरान बृजेश ज्योति ने दोनों थानों में दर्ज लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अनावश्यक देरी से न्याय प्रक्रिया प्रभावित होती है, इसलिए प्रत्येक मामले में समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

आमजन से शालीन व्यवहार और प्रभावी गश्त के निर्देश
पुलिस अधीक्षक ने पुलिसकर्मियों को आमजन से संवेदनशील और शालीन व्यवहार बनाए रखने के निर्देश दिए। साथ ही क्षेत्र में नियमित एवं प्रभावी गश्त, अपराधों की रोकथाम, कानून-व्यवस्था सुदृढ़ रखने और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखने पर जोर दिया गया।
अपराध नियंत्रण और भरोसेमंद पुलिसिंग पर फोकस
निरीक्षण के दौरान यह भी निर्देश दिए गए कि तकनीक का अधिकतम उपयोग करते हुए अपराध नियंत्रण को प्राथमिकता दी जाए। बृजेश ज्योति ने कहा कि पुलिस की सक्रियता और जवाबदेही से ही आमजन का विश्वास कायम रहता है और कानून-व्यवस्था मजबूत होती है।
प्रशासनिक सख्ती का साफ संदेश
इस औचक निरीक्षण को पुलिस प्रशासन की सख्ती और जवाबदेही के स्पष्ट संकेत के रूप में देखा जा रहा है, जिससे जिले के सभी थानों में कार्यप्रणाली सुधारने और पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाने की उम्मीद है।





