झुंझुनूं: भारतीय मजदूर संघ ने 26 दिसंबर 2025 को जयपुर में प्रस्तावित विशाल हुंकार रैली को लेकर अपनी गतिविधियां तेज कर दी हैं। विद्युत कर्मचारियों सहित विभिन्न श्रमिक संगठनों की 42 सूत्री लंबित मांगों को सरकार तक पहुंचाने के उद्देश्य से अजमेर विद्युत वितरण श्रमिक संघ कार्यालय में पोस्टर विमोचन किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से कर्मचारियों में उत्साह और एकजुटता का संदेश दिया गया, जिससे रैली को ऐतिहासिक बनाने का आह्वान किया गया।
जयपुर हुंकार रैली को लेकर झुंझुनूं में संगठनात्मक हलचल तेज
भारतीय मजदूर संघ के प्रदेशव्यापी आह्वान के तहत झुंझुनूं जिले में जयपुर हुंकार रैली की तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में मंगलवार को विद्युत विभाग के सर्किल ऑफिस परिसर स्थित अजमेर विद्युत वितरण श्रमिक संघ कार्यालय में रैली से संबंधित 42 सूत्री मांगों के पोस्टर का विमोचन किया गया। यह कार्यक्रम श्रमिक हितों के समर्थन में एकजुटता प्रदर्शित करने का माध्यम बना।
पोस्टर विमोचन में नेताओं ने भरी हुंकार
पोस्टर विमोचन कार्यक्रम अजमेर डिस्कॉम के महामंत्री देवकरण सैनी और भारतीय मजदूर संघ झुंझुनूं के संयुक्त जिला मंत्री सुनील बुगालिया के नेतृत्व में संपन्न हुआ। इस अवसर पर दोनों नेताओं ने कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में 26 दिसंबर को जयपुर पहुंचकर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद करें।
श्रमिकों की ज्वलंत समस्याएं बनी रैली का केंद्र बिंदु
कार्यक्रम के दौरान श्रमिक संगठनों से जुड़ी गंभीर और लंबित समस्याओं को प्रमुखता से रखा गया। वक्ताओं ने कहा कि विद्युत निगमों में कार्यरत कर्मचारियों को राज्य सरकार के कर्मचारियों के समान मेडिकल सुविधाएं दी जानी चाहिए। साथ ही विद्युत निगमों में लगातार बढ़ रही ठेका प्रथा पर पूर्ण रूप से रोक लगाने, अनुकम्पा नियुक्ति पर लगे सहायकों को लिपिक पद पर पदोन्नति देने, आंगनवाड़ी सहायिकाओं को महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता के रूप में मान्यता देने और संविदा पर कार्यरत महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को स्थायी करने की मांग उठाई गई। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन से जुड़े कार्मिकों को भी स्थायी करने की मांग को रैली का अहम मुद्दा बताया गया।
बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस दौरान जिला महामंत्री विद्युत श्रमिक संघ सुरेश कुमार खाजपुरिया के साथ शैलेश यादव, विकास कुमार, श्रीराम, संजय पुनिया, हरीश जांगिड़, सुरेश चौधरी, विशाल कर्णावत, धर्मेन्द्र, सुरेंद्र सैनी और मूलचंद महला सहित अनेक कर्मचारी और संगठन पदाधिकारी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में जयपुर हुंकार रैली को सफल बनाने का संकल्प दोहराया।
सरकार का ध्यान आकर्षित करने की रणनीति
संगठन पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि 26 दिसंबर को जयपुर में होने वाली हुंकार रैली के माध्यम से राज्य सरकार का ध्यान श्रमिकों की वर्षों से लंबित मांगों की ओर आकर्षित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं हुआ, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।





