झुंझुनूं: जिले के इंडाली गांव स्थित श्री बूढ़ला बालाजी मंदिर में श्रीराम कथा का शुभारंभ भक्तिमय वातावरण में हुआ। कथा के प्रथम दिवस व्यास पीठ से वाणीभूषण प्रभुशरण तिवाड़ी ने प्रवचन करते हुए कहा कि भगवान श्रीराम का चरित्र मानव जीवन के लिए मर्यादा और नैतिक मूल्यों की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि समाज में मनुष्य के कर्तव्यों की व्याख्या स्वयं भगवान राम ने अपने जीवन के माध्यम से की, जिससे प्रत्येक व्यक्ति को प्रेरणा मिलती है।
कथा में भगवान शिव, सती चरित्र और नारद मोह की घटनाओं का विस्तृत वर्णन किया गया। भक्ति भाव से परिपूर्ण वातावरण में जैसे ही भगवान विष्णु की सजीव झांकी प्रस्तुत की गई, श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। सुमधुर संगीत और भजनों की गूंज से पूरा मंदिर परिसर भक्तिरस में डूब गया। कथा की शुरुआत संयोजक जयराम शर्मा द्वारा सपत्नीक पूजन के साथ की गई।
श्रीराम कथा का आयोजन विजेंद्र सिंह लामोरिया कांट्रेक्टर खेमू की ढाणी के सौजन्य से किया जा रहा है। श्रीबूढ़ला बालाजी मंदिर भक्त मंडल द्वारा संचालित इस कथा का समय प्रतिदिन दोपहर 2 बजे से शाम 5:30 बजे तक निर्धारित है।
कार्यक्रम में अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे, जिनमें सुनील शर्मा, पुजारी बृजेंद्र सिंह, राजेश देग, रामकुमार मीणा, हरफूल सेन, बजरंग सिंह शेखावत, बन्ने सिंह, रामरतन शर्मा, राजेंद्र सिंह लांबा सहित बड़ी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। आयोजकों के अनुसार, यह आयोजन ग्रामीण जनमानस में आध्यात्मिक चेतना जाग्रत करने और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया जा रहा है।