चिड़ावा: कस्बे में परंपरागत माटी कला को नई उड़ान देने के लिए 10 दिवसीय माटी कला कौशल विकास एवं प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ किया गया। इस शिविर का लक्ष्य स्थानीय कुम्हार समुदाय और दस्तकारों को आधुनिक तकनीक के साथ दक्ष बनाना है, ताकि रोजगार और आत्मनिर्भरता के अवसर बढ़ सकें।
लोहिया स्कूल के पास सूंडा राम के निवास पर शुरू हुए इस शिविर का उद्घाटन युवा मोर्चा राजस्थान कुम्हार कुमावत महासभा के जिला अध्यक्ष राजेश वर्मा और कार्यकारी अध्यक्ष राधेश्याम ऑपरेटर ने किया। शिविर में कामगारों और दस्तकारों को राज्य सरकार द्वारा दी जा रही विशेष योजनाओं और तकनीकों की प्रशिक्षण मॉड्यूल के अनुसार जानकारी प्रदान की जाएगी।
इस प्रशिक्षण में भाग लेने वाले माटी कला कारीगरों को सरकार की ओर से विद्युत चाक (Electric Potter Wheel) और मिट्टी गुथाई मशीन (Clay Mixing Machine) उपलब्ध करवाने की योजना है, जिससे उनकी उत्पादन क्षमता बढ़ेगी और आजीविका मजबूत होगी।
यह कदम ग्रामीण युवाओं और पारंपरिक कारीगरों को माटी कला उद्योग में आत्मनिर्भर और बाजार प्रतिस्पर्धी बनाने में सहायक होगा।
शुभारंभ कार्यक्रम में ताराचंद, गोविंदराम, रोशनलाल, ऋतिक वर्मा, नरेश, प्रदीप सिंह, भागीरथ, मनोज, दयाराम, सोनू, निकिल, मंगेज, सुंदरलाल, लेहराम, गोपीराम, भीम, अशोक कुमार, प्रताप सिंह, सुखिया देवी, बुधराम, गुलजारीलाल सहित अनेक ग्रामीण और कुम्हार समुदाय के लोग उत्साहपूर्वक शामिल हुए।




