खेतड़ी: थाना क्षेत्र से बड़ी खबर सामने आई है, जहां धोखाधड़ी, आपराधिक षड्यंत्र और SC/ST एक्ट से जुड़े एक गंभीर मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी सुनिल कुमार गुर्जर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह मामला खान साझेदारी में करोड़ों रुपये के कथित घोटाले और पूर्व नियोजित षड्यंत्र से जुड़ा हुआ है, जिसकी जांच बीते चार वर्षों से चल रही थी।
2021 से लंबित धोखाधड़ी केस में बड़ी कार्रवाई
पुलिस के अनुसार यह प्रकरण 17 मार्च 2021 का है, जब परिवादी श्रीराम मीणा ने खेतड़ी थाना क्षेत्र में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि खान संख्या 284/03, जो भुकरी की ढाणी, तहसील खेतड़ी में स्थित है, कुल 1.00 हेक्टेयर क्षेत्रफल में फैली हुई है और इसे श्रीराम मीणा तथा ओमप्रकाश सिंह साझेदारी में संचालित कर रहे थे। दोनों के बीच 19 फरवरी 2018 को इकरारनामा निष्पादित हुआ था, जिसमें श्रीराम मीणा का 27 प्रतिशत हिस्सा तय किया गया था।
खान साझेदारी में षड्यंत्र और अवैध हस्तांतरण का आरोप
रिपोर्ट में आगे बताया गया कि 2 अगस्त 2019 को ओमप्रकाश सिंह ने उसी खान में श्रीराम मीणा के पुत्र जितेन्द्र कुमार मीणा को 13.33 प्रतिशत साझेदार बनाया था। यह मामला सिविल कोर्ट में विचाराधीन है। इसके बावजूद, बिना किसी आपसी हिसाब-किताब के, पूर्व नियोजित षड्यंत्र के तहत ओमप्रकाश सिंह ने संजय गुर्जर और संजय कुमार गुर्जर के साथ मिलकर खान को कथित रूप से बाला-बाला बेच दिया या स्थानांतरित कर दिया। आरोप है कि इस पूरी प्रक्रिया में परिवादी और उसके पुत्र की राशि हड़पने की नीयत से धोखाधड़ी की गई।
SC/ST एक्ट सहित गंभीर धाराओं में अपराध प्रमाणित
अनुसंधान के दौरान पुलिस ने पाया कि ओमप्रकाश सिंह, संजय गुर्जर, संजय उर्फ बचिया, राजेश ओला और सुनिल कुमार गुर्जर के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 406, 120बी तथा SC/ST एक्ट की धाराओं के तहत अपराध प्रमाणित होता है। इससे पहले आरोपी राजेश ओला को गिरफ्तार किया जा चुका था, जबकि सुनिल कुमार गुर्जर लंबे समय से फरार चल रहा था।
DST टीम की सटीक कार्रवाई, फरार आरोपी दबोचा गया
जिला पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय के निर्देशन में और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सीकाउ झुंझुनूं के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने तकनीकी और सूचना तंत्र के आधार पर कार्रवाई करते हुए सुनिल कुमार गुर्जर को दस्तयाब किया। आरोपी सुनिल कुमार गुर्जर, जो ढाणी बडाबंद, तन पपुरना, थाना खेतड़ी का निवासी है, को अनुसंधान के बाद गिरफ्तार किया गया।
पुलिस का कहना—अन्य पहलुओं की भी जांच जारी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले में वित्तीय लेन-देन, दस्तावेजों की वैधता और खान के स्थानांतरण से जुड़े अन्य तथ्यों की भी गहन जांच की जा रही है। जरूरत पड़ने पर आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।





