सूरजगढ़: ब्लॉक स्थित अगवाना खुर्द में भूगोल व्याख्याता अनिल कुमार के ट्रांसफर पर विवाद लगातार उभरता जा रहा है। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने तीसरे दिन भी स्कूल का मुख्य द्वार बंद रखकर कक्षाओं का बहिष्कार किया और चेतावनी दी कि स्थानांतरण आदेश वापस होने तक पढ़ाई स्कूल के बाहर ही चलेगी। आंदोलन ने अब प्रशासन व शिक्षा विभाग में हलचल पैदा कर दी है।
अगवाना खुर्द में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय का मुख्य द्वार मंगलवार को भी बंद रहा। सुबह से दोपहर तक विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने स्कूल परिसर के बाहर जमकर विरोध दर्ज कराया। बच्चों ने घोषणा की कि जब तक भूगोल व्याख्याता अनिल कुमार का स्थानांतरण वापस नहीं होता, तब तक कोई भी छात्र कक्षा में प्रवेश नहीं करेगा और पढ़ाई खुले आसमान के नीचे ही की जाएगी।
धरने के तीसरे दिन सूरजगढ़ एसडीएम दीपक चंदन और मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी बसंता देवी मौके पर पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने ग्रामीणों, विद्यार्थियों और अभिभावकों से बात कर आंदोलन खत्म करने की अपील की, लेकिन काफी देर चली बातचीत किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी। स्कूल प्रधानाचार्य सैनिकोर ने भी छात्रों को लौटने की गुजारिश की, पर सभी ने स्पष्ट कहा—फैसला वापस होने तक धरना जारी रहेगा।
धरने के दौरान चरणसिंह लुणायच, पहलवान विजेंद्र शास्त्री, मास्टर जयसिंह मान, राहुल, श्रवण फोगाट, अजयपाल फोगाट, सीताराम जांगिड़, राधेश्याम, महेंद्र सिंह, अमीलाल, रामजीलाल, राजेंद्र, दलीप, अशोक, मानसिंह, माया, संजय, धर्मकोर, मीरा, बिमला, कमलेश और ओमपति सहित ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और आंदोलन को समर्थन देते नजर आए।
विद्यार्थियों ने कहा कि बुधवार को सार्वजनिक अवकाश है, फिर भी धरना जारी रहेगा और यदि मांग नहीं मानी गई तो वे भूख हड़ताल शुरू कर देंगे।





