सिंघाना: राजस्थान सरकार के निर्देशानुसार नगर पालिका सिंघाना में 23 दिसंबर 2025 को आयोजित शहरी समस्या समाधान शिविर ने दिव्यांगजन के जीवन में आत्मनिर्भरता की नई उम्मीद जगाई। शिविर के दौरान दिव्यांग सहायता उपकरण वितरण कार्यक्रम मुख्य आकर्षण रहा, जिसमें जरूरतमंद दिव्यांग लाभार्थियों को ट्राई साइकिल प्रदान की गई। सरकार की इस पहल से न केवल दिव्यांगों को राहत मिली, बल्कि सामाजिक समावेशन की दिशा में एक मजबूत संदेश भी गया।
नगर पालिका सिंघाना में आयोजित इस शहरी समस्या समाधान शिविर का उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं का मौके पर समाधान करना और सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना रहा। शिविर का मुख्य आकर्षण दिव्यांग सहायता उपकरण वितरण कार्यक्रम रहा, जिसके तहत क्षेत्र के दिव्यांगजन को दो ट्राई साइकिल प्रदान की गईं। उपकरण प्राप्त करते ही लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ झलकने लगी।
दिव्यांग लाभार्थियों ने बताया कि आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे लंबे समय से व्हीलचेयर या ट्राई साइकिल खरीदने में असमर्थ थे। शिविर के माध्यम से यह सुविधा घर के पास मिलने से अब उनके दैनिक जीवन में काफी सुविधा होगी और वे आसानी से कामकाज कर सकेंगे। कई लाभार्थियों ने इसे अपने जीवन की बड़ी राहत बताते हुए सरकार और नगर पालिका प्रशासन के प्रति आभार जताया।
शिविर प्रभारी विजय कुमार ने दिव्यांगजनों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार का स्पष्ट उद्देश्य समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक सरकारी सहायता पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि ट्राई साइकिल जैसे उपकरण केवल आवागमन का साधन नहीं हैं, बल्कि ये दिव्यांगजन को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने में अहम भूमिका निभाते हैं।
शिविर में दशरथ सिंह, रामावतार, प्रदीप कुमार उर्फ शेखर, श्याम सुंदर और बिजेंदर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। शिविर के दौरान बड़ी संख्या में नागरिक भी पहुंचे और उन्होंने अपनी-अपनी समस्याएं प्रशासन के समक्ष रखीं, जिनका मौके पर ही समाधान किया गया। इससे आमजन में प्रशासन के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ।
नगर पालिका सिंघाना में आयोजित यह शहरी समस्या समाधान शिविर दिव्यांग सशक्तिकरण और सुशासन की दिशा में एक प्रभावी कदम साबित हुआ। दिव्यांग सहायता उपकरण वितरण से न केवल जरूरतमंदों को राहत मिली, बल्कि समाज में समान अवसर और सम्मान की भावना को भी बल मिला।





