पीएम मोदी का महाराष्ट्र दौरा कल: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 अगस्त को महाराष्ट्र के दौरे पर रहेंगे, जहां वे मुंबई और पालघर जिलों में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इस दौरे के दौरान वे वधावन बंदरगाह परियोजना की आधारशिला रखेंगे, जिसका कुल बजट लगभग 76,000 करोड़ रुपये है। साथ ही, पीएम मोदी मुंबई में आयोजित ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (जीएफएफ) 2024 को भी संबोधित करेंगे।
वधावन बंदरगाह परियोजना: एक नए युग की शुरुआत
प्रधानमंत्री मोदी 30 अगस्त को पालघर जिले के दहानू के समीप सिडको ग्राउंड में वधावन बंदरगाह परियोजना की आधारशिला रखेंगे। यह परियोजना 76,000 करोड़ रुपये की लागत से विकसित की जा रही है और भारत के सबसे बड़े गहरे पानी के बंदरगाहों में से एक होगी। इस परियोजना के पहले चरण को 2029 तक और अंतिम चरण को 2039 तक पूरा करने का लक्ष्य है।
वधावन बंदरगाह के निर्माण का उद्देश्य भारत की समुद्री कनेक्टिविटी को मजबूत करना है। यह बंदरगाह अंतरराष्ट्रीय शिपिंग मार्गों को सीधी कनेक्टिविटी प्रदान करेगा, जिससे भारत के निर्यात-आयात व्यापार में तेजी आएगी। इसके साथ ही पारगमन समय और लागत में भी कमी आएगी। यह बंदरगाह अत्याधुनिक तकनीक और बुनियादी ढांचे से सुसज्जित होगा, जिसमें कुशल कार्गो हैंडलिंग सुविधाएं और आधुनिक प्रबंधन प्रणाली शामिल होंगी। इसका निर्माण वधावन पोर्ट प्रोजेक्ट लिमिटेड द्वारा किया जा रहा है, जो जवाहरलाल नेहरू पोर्ट अथॉरिटी (JNPA) और महाराष्ट्र मैरीटाइम बोर्ड (MMB) की संयुक्त इकाई है।
मछली पकड़ने वाले जहाजों के लिए ट्रांसपोंडर की स्थापना
प्रधानमंत्री मोदी वधावन बंदरगाह के साथ-साथ मत्स्य पालन क्षेत्र के विकास के लिए भी अहम योजनाओं का शुभारंभ करेंगे। इसके तहत लगभग 1,560 करोड़ रुपये की लागत से 218 मत्स्य पालन परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास होगा। इन परियोजनाओं से देशभर में मत्स्य पालन के बुनियादी ढांचे और उत्पादन क्षमता में सुधार होगा। इसके अलावा, मत्स्य पालन क्षेत्र में पांच लाख से अधिक रोजगार के अवसर उत्पन्न होने की उम्मीद है।
इसके साथ ही, प्रधानमंत्री लगभग 360 करोड़ रुपये की लागत से नेशनल रोल आउट ऑफ वेसल कम्युनिकेशन एंड सपोर्ट सिस्टम का शुभारंभ करेंगे। इस योजना के तहत देश के 13 तटीय राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मशीनीकृत और मोटर चालित मछली पकड़ने वाले जहाजों पर 1 लाख ट्रांसपोंडर लगाए जाएंगे, जिससे उनके सुरक्षित और प्रभावी संचालन को सुनिश्चित किया जा सकेगा।
ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2024 में प्रधानमंत्री का संबोधन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने दौरे के दौरान मुंबई में आयोजित ग्लोबल फिनटेक फेस्ट (जीएफएफ) 2024 को भी संबोधित करेंगे। यह सम्मेलन 28 से 30 अगस्त तक मुंबई के जियो वर्ल्ड कन्वेंशन सेंटर में आयोजित हो रहा है। इसमें भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास और भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) की अध्यक्ष माधवी पुरी बुच सहित देश के शीर्ष नियामक भी भाग लेंगे। जीएफएफ फिनटेक क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण वार्षिक सम्मेलन है, जहां वित्तीय प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में हो रहे नवाचारों और चुनौतियों पर चर्चा होती है।
इस वर्ष के जीएफएफ में 800 से अधिक वक्ता और 80,000 से अधिक प्रतिभागी शामिल होंगे, जो 350 से अधिक सत्रों में विचार-विमर्श करेंगे। इस कार्यक्रम का आयोजन पेमेंट्स काउंसिल ऑफ इंडिया, नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया और फिनटेक कन्वर्जेंस काउंसिल द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है।
देश के आर्थिक और विकास संबंधी प्राथमिकताओं को मिलेगा बढ़ावा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह दौरा महाराष्ट्र के आर्थिक और बुनियादी ढांचे के विकास में एक अहम मील का पत्थर साबित होगा। वधावन बंदरगाह और मत्स्य पालन परियोजनाएं न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था को गति देंगी, बल्कि देशभर में समुद्री व्यापार और मछली पालन क्षेत्र के विकास को भी बढ़ावा देंगी। वहीं, ग्लोबल फिनटेक फेस्ट जैसे अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत के बढ़ते फिनटेक सेक्टर की वैश्विक स्थिति को और सुदृढ़ किया जाएगा।
इस प्रकार, यह दौरा प्रधानमंत्री के “मेक इन इंडिया” और “आत्मनिर्भर भारत” अभियान के तहत भारतीय अर्थव्यवस्था और विकास को नई दिशा देने का प्रयास है।





