चिड़ावा: शहर में उस समय राजनीतिक उत्साह चरम पर पहुंच गया, जब झुंझुनू प्रवास पर पहुंचे भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ और राजस्थान सरकार के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर का मंड्रेला बाईपास चौराहे के पास स्थित संगम होटल पर जोरदार स्वागत किया गया। भाजपा नेता राजेश दहिया के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी, पुष्पमालाओं और जोशीले माहौल के साथ दोनों वरिष्ठ नेताओं का अभिनंदन किया।
इस स्वागत कार्यक्रम में भाजपा संगठन की मजबूत एकजुटता देखने को मिली। मंड्रेला बाईपास चौराहे पर सुबह से ही कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। जैसे ही मदन राठौड़ और मदन दिलावर का काफिला मौके पर पहुंचा, पूरे क्षेत्र में “भाजपा जिंदाबाद” के नारे गूंज उठे और माहौल पूरी तरह उत्साहपूर्ण हो गया।
इस पूरे आयोजन का नेतृत्व भाजपा नेता राजेश दहिया ने किया। उनके साथ चिड़ावा नगर मंडल अध्यक्ष नरेंद्र गिरधर, पूर्व मंडल अध्यक्ष बाबूलाल वर्मा, भाजपा नगर उपाध्यक्ष पवन शर्मा नवहाल और नगर मंत्री राजेश वर्मा सक्रिय रूप से कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटे रहे। भाजयुमो नगर उपाध्यक्ष मोहित तामड़ायत, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव शेखावत, युवा नेता सुरेश भूकर और सुनील भड़िया की मौजूदगी ने कार्यक्रम को और मजबूती दी।
कार्यक्रम में जिला उपाध्यक्ष अनिता जांगिड़, प्रकोष्ठ संयोजक अंजु काला, ओबीसी मोर्चा जिला महामंत्री किशोरी लाल, मंगेश भगत और रविशंकर कांगड़ा मौजूद रहे। इनके साथ अनिल रणवा, पवन मेघवाल, अनूप नेहरा, संदीप कटेवा, मदन डारा और मंजीत भी कार्यक्रम में सक्रिय नजर आए। पूर्व पार्षद मुकेश जलिंद्रा, सामोद नूनिया, राजकुमार, शेर सिंह और प्रवीण पलड़िया ने भी स्वागत में अपनी भूमिका निभाई।
शहरी क्षेत्र के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों से भी बड़ी संख्या में कार्यकर्ता चिड़ावा पहुंचे। सूर्यप्रकाश, राजपाल, अशोक, घीसाराम चेयरमैन सुल्ताना, विनोद गिरधर, सुशील डाबला, मुंशी सैनी, आशु स्वामी, ओमप्रकाश कुमावत और पवन डांगी ने कार्यक्रम में भाग लिया। इसके अलावा सूरज चांवरिया सुल्ताना, राजेश जांगिड़, रामू मेघवाल ओजटू, अमित झाझड़िया, रणजीत श्योपुरा, जगदीश और नरेश भी स्वागत कार्यक्रम में मौजूद रहे।
कार्यक्रम के दौरान मदन राठौड़ और मदन दिलावर ने कार्यकर्ताओं से संवाद करते हुए संगठन को और अधिक मजबूत करने का आह्वान किया। नेताओं ने कहा कि भाजपा की ताकत उसका कार्यकर्ता है और आने वाले समय में संगठनात्मक मजबूती ही सफलता की कुंजी बनेगी। पूरे आयोजन में अनुशासन, उत्साह और राजनीतिक सक्रियता साफ नजर आई।





