झुंझुनूं: अरड़ावता-सुलताना रोड पर 11 सितंबर को डाक विभाग के लिपिक विजय मीणा पर हुए हमले के विरोध में गुरुवार को मीणा समाज ने कलेक्ट्रेट पर जोरदार प्रदर्शन किया। समाज का आरोप है कि हमले को एक सप्ताह बीत गया, लेकिन पुलिस ने अब तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। इस लापरवाही से समाज में गहरा आक्रोश है और लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि 48 घंटे में गिरफ्तारी नहीं हुई तो अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
11 सितंबर की शाम विजय मीणा डाकघर से ड्यूटी खत्म कर सुलताना लौट रहे थे। इसी दौरान अरड़ावता-सुलताना रोड पर ब्लैक कार में सवार युवकों ने उन पर सरियों और लाठियों से हमला कर दिया। गंभीर चोटें लगने के बाद उन्हें चिड़ावा उप जिला अस्पताल और फिर झुंझुनूं जिला अस्पताल रेफर किया गया जहां उनका उपचार जारी है। डॉक्टरों ने बताया कि उनके सिर और हाथ में गहरी चोटें थीं, हालांकि अब उनकी हालत स्थिर है।
विजय मीणा ने आरोप लगाया था कि डाकघर में वित्तीय अनियमितताओं को उजागर करने के कारण उन पर ये जानलेवा हमला करवाया गया था।
आज सैकड़ों की संख्या में महिला पुरुष कलेक्ट्रेट पहुंचे और पुलिस प्रशासन पर आरोप लगाया कि आरोपियों को जानबूझकर बचाया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी की और एसपी को ज्ञापन सौंपकर कहा कि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की जाए, वरना जिला मुख्यालय पर बड़ा आंदोलन होगा। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि खुलेआम हमला कानून व्यवस्था की नाकामी को दिखाता है और यदि पुलिस सख्ती नहीं दिखाएगी तो अपराधियों के हौसले और बढ़ेंगे।
पुलिस अधीक्षक ने प्रदर्शनकारियों से मुलाकात कर भरोसा दिलाया कि आरोपियों की पहचान हो चुकी है और जल्द गिरफ्तारियां होंगी। उन्होंने पीड़ित की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त इंतजाम करने का भी आश्वासन दिया और समाज से शांति बनाए रखने की अपील की।





