डुंडलोद: कस्बे के डुंडलोद पब्लिक स्कूल के खेल परिसर में आयोजित कार्यक्रम में राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरुण चतुर्वेदी ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि आज के छात्र केवल अकादमिक शिक्षा तक सीमित न रहें, बल्कि खेलों को भी करियर विकल्प के रूप में अपनाएं। उन्होंने कहा कि झुंझुनूं जिला शिक्षा, खेल और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में राजस्थान में अग्रणी रहा है और आने वाली पीढ़ी को बेहतर अवसर तथा स्वच्छ पर्यावरण देना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि खेल न केवल शारीरिक विकास का माध्यम हैं, बल्कि अनुशासन, नेतृत्व और आत्मविश्वास भी प्रदान करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी निरंतर अभ्यास कर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाएं। उन्होंने कहा कि झुंझुनूं जिले ने शिक्षा और महिला सशक्तिकरण में जो मिसाल कायम की है, वही परंपरा खेलों में भी आगे बढ़नी चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष हर्षिनी कुल्हरी ने की। उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार द्वारा खेल सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और राज्य के खिलाड़ियों के पास आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर मौजूद हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में राजस्थान खेलों के क्षेत्र में नई पहचान स्थापित करेगा।

विद्यालय सचिव बी.एल. रणवा ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा के माध्यम से ही देश विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त कर सकता है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 तक भारत को विश्व गुरु बनाने में विद्यार्थियों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होगी और इसके लिए शिक्षा के साथ खेलों में भी उत्कृष्टता आवश्यक है।
डॉ. अरुण चतुर्वेदी ने विद्यालय में आयोजित तीन दिवसीय खेल प्रतियोगिता का औपचारिक शुभारंभ किया। इस प्रतियोगिता में बास्केटबॉल, वॉलीबॉल, क्रिकेट, फुटबॉल, खो-खो, स्केटिंग और ताइक्वांडो जैसे विभिन्न खेल शामिल किए गए हैं। प्रतियोगिता के दौरान विभिन्न राष्ट्रीय स्तर की उपलब्धियां हासिल करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया गया।
कार्यक्रम में पूर्व जनप्रतिनिधि, सैन्य अधिकारी, विद्यालय के पूर्व छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे। नन्हे-मुन्ने बच्चों की ड्रिल, विद्यालय बैण्ड की प्रस्तुति और छात्राओं द्वारा प्रस्तुत राजस्थानी लोकनृत्य ने कार्यक्रम को आकर्षक और यादगार बना दिया।





